जयपुर न्यूज डेस्क: राजस्थान के बीकानेर जिले में भारत-पाकिस्तान सीमा से सटे संछू बॉर्डर पोस्ट पर केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah ने सीमा सुरक्षा को और मजबूत बनाने का बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि आने वाले छह महीनों में पश्चिमी सीमा पर अत्याधुनिक एंटी-ड्रोन सिस्टम और एडवांस सर्विलांस तकनीक तैनात की जाएगी। इसके साथ ही सीमा क्षेत्रों में इंफ्रास्ट्रक्चर को भी तेजी से अपग्रेड किया जाएगा, ताकि घुसपैठ, तस्करी और ड्रोन गतिविधियों पर प्रभावी तरीके से नजर रखी जा सके।
संछू बॉर्डर पोस्ट पर बीएसएफ जवानों को संबोधित करते हुए अमित शाह ने कहा कि वर्ष 2014 के बाद केंद्र सरकार ने सीमा सुरक्षा को लेकर सख्त नीति अपनाई है। उन्होंने बताया कि आधुनिक तकनीक, ड्रोन निगरानी और मजबूत आतंकवाद विरोधी रणनीति के जरिए सीमा सुरक्षा बल और सशस्त्र बलों को पहले से अधिक सक्षम बनाया गया है। गृह मंत्री ने सीमा सुरक्षा के लिए बीएसएफ, सेना, स्थानीय प्रशासन और सीमावर्ती गांवों के लोगों के बीच चार स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने पर जोर दिया।
इस दौरान अमित शाह ने राजस्थान के विभिन्न बॉर्डर आउटपोस्ट पर महिला बीएसएफ जवानों के लिए बनाए गए 14 नए बैरकों का वर्चुअल उद्घाटन भी किया। उन्होंने कहा कि देश की बेटियां अब सीमा सुरक्षा में बेटों से दो कदम आगे निकल रही हैं। शाह ने जानकारी दी कि राजस्थान में महिलाओं के लिए 40 करोड़ रुपये की लागत से 79 बैरकों को मंजूरी दी गई है, जिनमें से 67 का निर्माण पूरा हो चुका है। वहीं देशभर में 200 करोड़ रुपये की लागत से 360 महिला बैरक बनाए जा रहे हैं।
गृह मंत्री ने बीएसएफ जवानों की कठिन परिस्थितियों में सेवा की सराहना करते हुए कहा कि रेगिस्तान और पहाड़ी इलाकों में तैनात जवान देश की सुरक्षा के लिए दिन-रात डटे रहते हैं। उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान सीमा क्षेत्रों में बीएसएफ की भूमिका की भी तारीफ की और कहा कि जवानों ने पाकिस्तान को मुंहतोड़ जवाब दिया था। अमित शाह ने 1965 के भारत-पाक युद्ध में संछू पोस्ट की ऐतिहासिक भूमिका का भी जिक्र किया और शहीद बीएसएफ जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की।