जयपुर न्यूज डेस्क: राजस्थान की राजधानी जयपुर के चांदपोल इलाके से जुड़ा विवाद अब और गंभीर होता नजर आ रहा है। दरगाह की छत निर्माण और परकोटे में अतिक्रमण को लेकर शुरू हुआ मामला अब सीधे राजनीतिक टकराव और कानून-व्यवस्था से जुड़ गया है। बीजेपी विधायक बालमुकुंद आचार्य ने कांग्रेस विधायक अमीन कागज़ी पर बेहद गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया है कि उन्हें लगातार जान से मारने की धमकियां मिल रही हैं।
बालमुकुंद आचार्य का कहना है कि उनके पीछे गुंडों को लगाया गया है और उन्हें डराने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने साफ कहा कि धमकियों के बावजूद वह पीछे हटने वाले नहीं हैं और परकोटे क्षेत्र में किसी भी कीमत पर अतिक्रमण नहीं होने देंगे। आचार्य ने प्रशासन के सामने अवैध निर्माण से जुड़े कई फोटो भी पेश किए और पूरे इलाके को अतिक्रमण मुक्त कराने की बात दोहराई।
वहीं कांग्रेस विधायक अमीन कागज़ी ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने कहा कि मजार की छत निर्माण का काम फिलहाल रुका हुआ है और नगर निगम द्वारा पूरे मामले की जांच की जा रही है। अमीन कागज़ी के मुताबिक, यह करीब 150 साल पुरानी दरगाह है और वहां केवल पहले से मौजूद टिन शेड का नवीनीकरण किया जा रहा था, जिसके लिए सरकारी अनुमति और टेंडर प्रक्रिया पूरी की गई है।
धमकी देने के आरोपों पर पलटवार करते हुए अमीन कागज़ी ने कहा कि अगर वाकई धमकी मिली है तो बालमुकुंद आचार्य को एफआईआर दर्ज करानी चाहिए। उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठाए। फिलहाल, चांदपोल परकोटे से सटे इलाके में पुलिस बल तैनात है और अधिकारियों के मुताबिक निर्माण अनुमति और यूनेस्को नियमों से जुड़े पहलुओं की उच्चस्तरीय जांच जारी है।